निर्भया के दोषियों को 1 फरवरी को भी फांसी होना मुश्किल, ये है टलने की वजह...

निर्भया के दोषियों को 1 फरवरी को भी फांसी होना मुश्किल, ये है टलने की वजह...


निर्भया की मां (Nirbhaya Mother) के वकील जितेंद्र झा का ने कहा- अभी मुझे लगता है कि 74 से 75 दिन और लगेंगे. जज ने माना है कि ये दोषी जानबूझकर सजा में देरी के लिए ये सब कर रहे हैं.


नई दिल्ली. निर्भया कांड (Nirbhaya Rape Case) के दोषियों की फांसी (Capital Punishment)  टल जाने पर निर्भया की मां (Mother) काफी निराश हैं. उन्होंने कहा कि मुझे इंसाफ चाहिए मुझे नहीं मालूम कोर्ट कैसे देगा. आशा देवी ने कहा कि जो मुजरिम चाहते हैं वहीं हो रहा है, तारीख पर तारीख दी जा रही है, हमारा सिस्टम ऐसा है कि जहां दोषी की सुनी जाती है.


*बता दें कि चारों दोषियों को अब 1 फरवरी को सुबह 6 बजे फांसी दी जाएगी. पटियाला हाउस कोर्ट (Patiala House court) ने नई तारीख का ऐलान किया.*
 अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सतीश कुमार अरोड़ा मामले के दोषी मुकेश कुमार सिंह की याचिका पर शुक्रवार को फांसी की तारीख आगे बढ़ाने से संबंधित याचिका पर सुनवाई की और इसके बाद नया डेथ वारंट जारी किया गया है.



*...तो क्या 1 फरवरी को भी नहीं हो पाएगी फांसी?*


निर्भया की मां के वकील जितेंद्र झा का ने कहा- अभी मुझे लगता है कि 74 से 75 दिन और लगेंगे.  जज ने माना है कि ये डिले की टैक्टिस है. नया डेथ वारंट जारी तो हो गया है, लेकिन कोई भी एक अगर 31 जनवरी की दोपहर 12 बजे से पहले राष्ट्रपति के पास दया याचिका लगा देगा तो फांसी रुक जाएगी. कोर्ट ने दोषियों का नया डेथ वारंट जारी किया है. हालांकि दोषियों के वकील मामले को और खींचने की फिराक में हैं. एक दोषी की उम्र को लेकर आपत्ति जताई जा रही है. इसमें कहा जा रहा है कि घटना के वक्त वह बालिग ही नहीं था.


*हायरकोर्ट जा सकते हैं दोषी*


वहीं दोषियों के वकील ने कहा है कि संविधान को ताक पर रख कर नया डेथ वारंट जारी हुआ है. जज ने ज्युडिशियल माइंड अप्लाई नहीं किया. अभी लीगल रेमिडीज बाकी