पत्रकारों के प्रति किसी की संवेदना क्यों नही ••?

पत्रकारों के प्रति किसी की संवेदना क्यों नही ••?
✍🏻•••सीधी-कोरोना वैश्विक महामारी से पूरा देश जूझ रहा है, देश लॉक डाउन है,  इस समय जहा डॉक्टर , स्वास्थ विभाग , पुलिस कर्मी व सफाई कर्मी अपनी जान जोखिम में डालकर पूरी सिद्धत के साथ मैदान में डटे है, वही पत्रकार भी किसी से पीछे नही है,
जी हा पत्रकार जो आपको घर बैठे आपके क्षेत्र की जिला की व देश प्रदेश की हर खबर, व सरकार के संदेश अपनी जान की बाजी लगाकर कोरोना संबंधी हर पल की खबरो को दिखा रहे है,
*लेकिन पत्रकारों की तरफ किसी का भी ध्यान नही जा रहा है- आखिर क्यों  ❓
क्या पत्रकारो की कीमत नही, क्या उनका अपना परिवार नही होता, या उसके जान की कोई कीमत नही है ? 
एक और जहा शासन- प्रशासन स्वास्थ विभाग/ पुलिस कर्मी /सफाई कर्मी का पूरा ध्यान रख रहा है, यहा तक कि उनके आर्थिक स्थिति का भी ख्याल रख रहा है, 
वही बिना सुरक्षा के पत्रकार भूंखे प्यासे मैदान मे डटे हुए हैं, सब चाहते है कि हम अखबार , tv , व शोसल मीडिया के फ्रंट मे दिखे, 
लेकिन पत्रकारों के लिए इस समय ना ही शासन प्रशासन के पास कुछ है और ना ही क्षेत्र के जनप्रतिनिधि नेता, जबकि सभी यह जानते है कि इस संकट के समय यदि पत्रकार अपने घरों में कैद हो गए तो देश प्रदेश की खबरों से उन सूचनाओं से जो लोगो को जागरुक करती है कौन अपटेड करेगा ? 
मध्य प्रदेश आइसना पत्रकार संगठन व संयुक्त श्रमजीवी पत्रकार संघ मध्यप्रदेश प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व जिला प्रशासन का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराते हुए मांग करता है कि पत्रकारों के हितार्थ भी कुछ निर्णय लिए जाए।
                    🙏🏻
        Sachin Bharti


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